मानव को मिला सबसे बड़ा उपहार भाषा है और भाषा का सबसे उत्कृष्ट उपयोग साहित्य है। संक्षेप में इन दोनों का स्वास्थ्य मनुष्यता की ज़मानतदार है । इस विषय पर रुचि रखने वाले मित्रों का यहां स्वागत है।
मंगलवार, 15 दिसंबर 2009
शाइरी
दो कौड़िओं को जैसे हो दावाये दो जहां है चश्मे नातवां को दिमागे रुखे जमाल
(मेरी अल्प सामर्थ्य एवं कम-सवाब आँखों को तेरा देदीप्यमान मुखमंडल देखने की इच्छा ऐसी ही है
जैसे दो कौड़ियाँ दोनों जहां का दावा करने के बारे में सोचने लग जाएँ !!!)
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